अक्टूबर में लगातार पाँच दिनों तक, हेज फंड्स ने AI स्टॉक्स की तेजी से सेल-ऑफ़ की। गोल्डमैन सैक्स के डेटा के अनुसार, इस दौरान हेज फंड्स ने 2025 की शुरुआत से जितनी भी AI स्टॉक्स खरीदी थी, उसे पूरी तरह बेच डाला।
Morgan Stanley का कहना है कि हेज फंड्स ने जून से अब तक अपने कुल स्टॉक्स की होल्डिंग्स में 8% से ज्यादा की कटौती की है। यह 2017 के बाद से सबसे बड़ी सेल-ऑफ़ है। इसका असर स्टॉक्स के प्राइस पर भी दिखा, क्योंकि पिछले हफ्ते बड़े टेक स्टॉक्स क्रैश हो गए और मार्केट से $2 ट्रिलियन की वैल्यू गायब हो गई।
इस प्राइस फॉल का सबसे ज्यादा असर मार्केट के एक खास हिस्से में पड़ा। अक्टूबर के आखिर तक S&P 500 ज़्यादा नहीं हिला। वहीं मेमोरी चिपमेकर जैसे Samsung, SK Hynix, Micron, और SanDisk ने सिर्फ दो हफ्तों में $700 बिलियन से ज्यादा गवा दिए।
हेज फंड्स AI स्टॉक्स से क्यों भागे?
हेज फंड्स उधारी लेकर अपनी बेट्स को बड़ा बनाते हैं। जब प्राइस गिरती है, तो नुकसान बहुत तेजी से बढ़ता है, इसी कारण फंड्स रिस्क कम करने के लिए अपने स्टॉक्स सेल करना शुरू कर देते हैं। इनकी सेलिंग प्राइस को और गिराती है और फिर और ज़्यादा सेलिंग के लिए मजबूर हो जाते हैं।
ज्यादातर फंड्स क्रैश की बेटिंग नहीं कर रहे थे, बल्कि एक्जिट की ओर दौड़ रहे थे। गोल्डमैन के आंकड़ों के अनुसार, सबसे हैवी सेलिंग वाले दिन, उन्होंने जितने स्टॉक्स अपने पास थे, उन्हें 3.5 गुना ज्यादा तेजी से बेचा, बजाय इसके कि वो नए शॉर्ट बेट्स खोलते।
इसके बाद 22 अक्टूबर आया। गोल्डमैन की हेज फंड्स की पसंदीदा स्टॉक्स की बास्केट 4.2% गिर गई, जो 2011 के बाद सबसे खराब दिन था। बैंक के प्राइम डेस्क ने इस हालात को ऐसे बताया।
“अगर पिछले गुरुवार का दिन बुरा लगा था, तो आज उससे भी बुरा रहा,”

Steno Research द्वारा Morgan Stanley डेटा का रिप्रोडक्शन, जिसमें अक्टूबर 2026 की गिरावट -7.8% दर्ज है (डेटा 27 अक्टूबर, 2026 तक)। स्रोत: Steno Research via XAI बबल फूट रहा है या फंड्स सिर्फ सेलिंग कर रहे हैं?
मशहूर मैक्रो इन्वेस्टर Jordi Visser मानते हैं कि इसकी असली वजह उधारी से खरीदी गई बेट्स (leverage) है, डिमांड की कमजोरी नहीं। उनका कहना है कि ये leverage बनने में 18 महीने लगे और उसे खत्म होने में सिर्फ 75 दिन लगे।
कॉरपोरेट प्रॉफिट्स लगभग 20% बढ़े हैं, और AI कंप्यूटिंग की डिमांड अब भी सप्लाई से कहीं ज्यादा है। SK Hynix ने 2030 तक मेमोरी की कमी का अनुमान लगाया है। Fundstrat के Tom Lee का मानना है कि एक फोर्स्ड सेलर ने इस गिरावट को ट्रिगर किया।
Goldman Sachs की राय इससे अलग है। बैंक का कहना है कि यह करेक्शन अभी अपने शुरुआती स्टेज में है, Deep News ने रिपोर्ट किया। फंड्स की AI होल्डिंग्स अब भी पिछले तीन सालों के टॉप 17% में शामिल हैं।
26 अक्टूबर को BeInCrypto ने सवाल किया था कि चीन की AI बबल का असर अमेरिका तक पहुंचेगा या नहीं। कुछ ही दिनों बाद, अक्टूबर के अंत में आए सेल-ऑफ़ ने Nasdaq-100 से लगभग $2 ट्रिलियन मिटा दिए।
अगर Goldman Sachs सही है, तो हेज फंड्स के पास बेचने के लिए अब भी काफी कुछ बचा है।

